'किडल्टिंग' दो शब्दों के मेल से बना है – 'किड' और 'एडल्ट' । यानि बचपन और वयस्क की संधि । इस शब्द का इस्तेमाल पिछले कुछ वर्षों से हो रहा है । वास्तव में यह बचपन की जानी-पहचानी गतिविधियों की ओर एक स्वाभाविक सरल वापसी है । 'किडल्टिंग' ज़िंदगी के भागमभाग में फँसे, अकेले रह गए या अवसाद से जूझ रहे लोगों को बहुत पसंद आ रहा है । पसंदीदा गतिविधियाँ करना अकसर तनाव दूर करने के लिए एकदम सही विकल्प होता है । बड़ी कंपनियाँ भी ऐसी गतिविधियों के चलन को बढ़ावा देने में तेज़ी से जुट गई हैं । लंदन और मैट्रिड में एक संवाद संग्रहालय 'डोपामाइन लैंड' अपने अंदर के बच्चे को जगाने के लिए बचपन और वयस्क अवस्था के संधिकाल की गतिविधियाँ करवाता है । दिनभर मोबाइल और कंप्यूटर से ऊबे हुए कामकाजी लोग इससे दूरी बनाने के दिलचस्प बहाने खोजने लगे हैं । ऐसे में बचपन की दुनिया में वापसी उन्हें पसंद आ रही है क्योंकि इसमें वे बिना मोबाइल और कंप्यूटर वाले बीते जीवन को जीते हैं । खबर यह भी है कि 'डोपामाइन लैंड' जैसी जगहें 'हैप्पी हॉर्मोन्स' को भी सक्रिय कर रही हैं । आखिर कुछ तो कारण होगा कि वर्तमान में तमाम सुविधाओं के बावजूद लोग ऐसी परिस्थितियों का सामना कर रहे हैं जिसमें वे जीवन की संवेदनाओं का अहसास नहीं कर पाते ।
निम्नलिखित अपठित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़कर उस पर आधारित दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए :
Generated by claude-sonnet-4-6 · 2026-06-15 07:21 · grounding stimulus
Model Answer
(i) (A) अपने पसंदीदा कार्यों में समय लगाना
(ii) (C) बड़ों के खेलने के लिए निर्मित स्थान
(iii) (D) कथन और कारण दोनों सही हैं और कारण, कथन की सही व्याख्या करता है।
(iv) बड़ी-बड़ी कंपनियाँ 'डोपामाइन लैंड' जैसी गतिविधियों में इसलिए रुचि ले रही हैं क्योंकि आज के व्यस्त और तनावग्रस्त जीवन में लोग मोबाइल व कंप्यूटर से दूरी चाहते हैं। बचपन की गतिविधियाँ 'हैप्पी हॉर्मोन्स' को सक्रिय करती हैं, जिससे लोगों को मानसिक राहत मिलती है। यह चलन तेज़ी से बढ़ रहा है, इसलिए इसमें व्यावसायिक अवसर भी भरपूर हैं।
(v) वर्तमान में लोग भागमभाग भरी ज़िंदगी, अकेलेपन और अवसाद से जूझ रहे हैं। तमाम भौतिक सुविधाओं के बावजूद वे जीवन की संवेदनाओं का अहसास नहीं कर पाते। दिनभर मोबाइल और कंप्यूटर पर काम करने से मानसिक थकान बढ़ गई है। ऐसे में बचपन की सरल गतिविधियों की ओर वापसी — यानी 'किडल्टिंग' — तनाव दूर करने और खुशी पाने का स्वाभाविक उपाय बन गई है।
Source: अपठित गद्यांश ('किडल्टिंग')
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Explanation
- (i)–(iii) MCQs: directly pick from passage clues. For (iii), the passage clearly states people lack sensitivity despite all comforts, supporting both statement and reason.
- (iv) 2-mark answer needs two clear points — commercial opportunity + 'happy hormones'/demand from stressed people.
- (v) 2-mark answer needs two clear reasons — modern stress/loneliness/depression + screen fatigue leading people back to simple childhood activities.
- Keep answers tight; do not copy full sentences from the passage — paraphrase in your own words for full marks.